प्रतिनिधि
हजारीबाग/विष्णुगढ़ । विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र स्थित जमुनिया डैम में गुरुवार को एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। डैम के खतरनाक ‘दह’ में नहाने के दौरान गहरे पानी में डूबने से 13 वर्षीय मासूम बच्चे की मौत हो गई। इस हृदयविदारक घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया, वहीं पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। मृतक की पहचान हजारीबाग के रामनगर कदमा रोड निवासी विशाल कुमार (13 वर्ष), पिता बिक्कू साव के रूप में हुई है। बताया जाता है कि विशाल गुरुवार सुबह अपने माता-पिता के साथ विष्णुगढ़ स्थित करोंज मोड़ निवासी अपने नाना सीताराम साव के घर आया हुआ था। घर में छुट्टियों की खुशियां थीं, लेकिन कुछ ही घंटों बाद वह खुशी मातम में बदल गई। मिली जानकारी के अनुसार दोपहर में विशाल मोहल्ले के कुछ बच्चों के साथ जमुनिया डैम के दह में स्नान करने गया था। स्नान के दौरान फिसलन भरी चट्टान पर उसका पैर अचानक फिसल गया और वह गहरे पानी में जा गिरा।
डैम के उस हिस्से में पानी काफी गहरा होने के कारण वह खुद को संभाल नहीं सका और डूबने लगा। विशाल को पानी में डूबता देख उसके साथ मौजूद बच्चे घबरा गए और बचाने के लिए शोर मचाने लगे। बच्चों की आवाज सुनकर आसपास के लोग घटनास्थल की ओर दौड़े और काफी मशक्कत के बाद किशोर को गहरे पानी से बाहर निकाला गया। हालांकि तब तक काफी देर हो चुकी थी। इसके बावजूद लोग उसे आनन-फानन में एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
मासूम बेटे की मौत की खबर सुनते ही परिजनों की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो उठा। मां-बाप का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। बाद में परिजन एंबुलेंस के माध्यम से शव को अपने साथ हजारीबाग ले गए।
स्थानीय लोगों ने बताया कि जमुनिया डैम के उक्त स्थल पर ऊंचाई से पानी गिरने के कारण चट्टानों के बीच गहरा गड्ढा बन गया है, जिसमें हमेशा पानी भरा रहता है। गर्मी के दिनों में लोग जान जोखिम में डालकर वहां स्नान करने पहुंच जाते हैं। यह स्थान काफी सुनसान और खतरनाक माना जाता है, बावजूद इसके यहां किसी प्रकार की सुरक्षा व्यवस्था या चेतावनी बोर्ड नहीं लगाया गया है। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने प्रशासन से डैम क्षेत्र में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने, खतरनाक स्थलों को चिन्हित कर चेतावनी बोर्ड लगाने तथा संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके।
