धनबाद । यूं तो बिनोद बिहारी महतो कोयलांचल विश्वविद्यालय हमेशा अपने विवादों के चलते सुर्खियों में बना रहता है। इस बार भी छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का एक नया कारनामा प्रकाश में आया है। छात्रों ने बताया है कि पीके राय कॉलेज में पिछले साल छात्रों का नामांकन बीसीए यानि बैचलर इन कंप्यूटर एप्लीकेशन कोर्स के तहत हुआ। परंतु जब फर्स्ट सेमेस्टर के परीक्षा का समय आया तो कॉलेज प्रबंधन उन लोगों को बीएससी सीए की परीक्षा देने को कहा जा रहा है। ऐसे में उनका भविष्य अंधकार में नजर आ रहा है। क्योंकि जब उन लोगों ने पढ़ाई बीसीए का किया है तो परीक्षा बीएससी सीए का कैसे दे पाएंगे।
वही अभिभावक सवाल उठा रहे हैं कि कॉलेज प्रबंधन 1 वर्ष तक छात्रों को बीसीए की पढ़ाई कराता रहा तो फिर परीक्षा के समय कोर्स चेंज कैसे होगा। अब यह यूनिवर्सिटी की गलती है या कॉलेज प्रबंधन की, यह तो जांच का विषय है। परंतु छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है, यह तो तय हो चुका है।
इस संबंध में सवाल उठना लाजमी है कि यूनिवर्सिटी और कॉलेज प्रबंधन की गलती से छात्र अपना भविष्य क्यों बर्बाद करें? क्या वजह रही कि एक वर्ष तक कॉलेज प्रबंधन और विश्वविद्यालय इस कमी को दूर नहीं कर सकी?
