अभिषेक मिश्रा
पाथरडीह चासनाला सुदामडीह रिवर साईड दामोदर नदी के सूर्य मंदिर धाम घाट पर आयोजित नव दिवसीय श्रीराम महायज्ञ के द्वितीय दिन वृन्दावन धाम से पधारी बाल व्यास वैष्णवी किशोरी जी ने कहा कि अपने अँधे माता पिता को कॉवर पर बैठा कर तीर्थ यात्रा पर निकले श्रवण कुमार अपना संकल्प पूरा नहीं कर पाता है।
किशोरी जी ने कहा कि इधर अपने अँधे माता पिता को कांधे पर लेकर श्रवण कुमार तीर्थ यात्रा के लिए निकले थे। उधर अयोध्या के महाराजा श्री दशरथ जी महाराज अपने राज्य में शिकार करने निकले थे। श्रवण कुमार के माता पिता को जब प्यास लगती है तो, श्रवण कुमार उन्हें कांधे से उतार कर रख देते हैं और एक तालाब के किनारे पानी लाने जाते है। उन्होंने कहा कि जैसे ही श्रवण कुमार तालाब में पानी निकालने के लिए लोटा डूबता है। राजा दशरथ जी हिरण शिकार समझ कर शब्दवेदी बांड मार देते है। जिससे श्रवण कुमार की प्राण हरण हो जाता है।
श्रीराम महायज्ञ के यज्ञाधीश धरा धाम प्रयागराज से पधारे श्री श्री 1008 बाल योगी महंथ श्री परशुराम दास महात्यागी के निर्देशन में सूर्य मंदिर धाम घाट पर महायज्ञ चल रहा है।
महायज्ञ में अयोध्या से पधारे यज्ञाचार्य पंडित रंजीत कुमार शास्त्री सहित पाँच पंडितों ने वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ महायज्ञ सम्पन्न कराने में जुटे हुए हैं। वही यज्ञ मंडप परिक्रमा के लिए भक्तों की भारी भीड़ उमड़ रही है।
महायज्ञ को सफल बनाने में बमभोली सिंह,संजय सिंह,पप्पू यादव, रंजय सिंह, डॉ बिरेन्द्र कुमार,राहुल कुमार सिंह,मनोज कुमार सिंह, धर्मेन्द्र कुमार सिंह, आदि शामिल थे।
