रिपोर्ट : कुमार अजय
कतरास । जमीन के मुद्दे पर बंद के कगार पर है चैतुडीह के आउटसोर्सिंग कंपनी जो बीते दिन 2 महीने कार्य को बंद कर दिया गया था । बता दें कि कतरास चैतूडीह में चल रहे आउटसोर्सिंग कंपनी आने से आसपास के लोगों में एक आस जगी थी कि कंपनी मे यहां के लोगों को रोजगार मिलेगा, लेकिन बीसीसीएल के लापरवाही से आउटसोर्सिंग कंपनी बोरिया बिस्तर समेटने की फिराक में चल रहा है, कुछ दिन पहले भी कंपनी पूरी तरह से कार्य को बंद कर दिया था, जानकारी के अनुसार उन्हें बीसीसीएल द्वारा जमीन मुहैया नहीं कराया गया, लेकिन आउटसोर्सिंग कंपनी एक बार विश्वास कर पुनः कार्य को चालू कर दिया है, लेकिन कंपनी को बीसीसीएल प्रबंधन पर्याप्त जमीन नहीं दे रहा है ।
जमीन में लिटिगेशन इस तरह हावी है कि कंपनी को कार्य करने में दांत से पत्थर चबाने के बराबर है । वहीं कंपनी के परियोजना पदाधिकारी सुरेश शर्मा ने बताया कि बीसीसीएल के तरफ से रैयत का जमीन पर काम करने और ना ही इनकोचर का जमीन पर काम करने का मौका मिल रहा है ,कुछ बीसीसीएल के जमीन भी हैं वहां पर भी हम मशीन नहीं लगा पा रहे हैं ,जो काम करने में परेशानी हो रहा है, जिससे कंपनी को भारी नुकसान का सामना करना पड़ रहा है ,बीसीसीएल जमीन देने में सक्षम नहीं दिख रहा है ,जो कि बीच में प्रोजेक्ट बंद भी हुआ था ,ऐसा प्रतीत हो रहा है कि 10 से 15 दिनों में कंपनी को कार्य बंद करना पड़ेगा और बोरीया बिस्तर लेकर चल देना पड़ेगा। जिससे कंपनी के चलने पर अब सवालिया निशान खड़े हो गए है ?
वही मामले में बीसीसीएल प्रबंधन का पक्ष नही लिया जा सका है ।
