निशिकान्त मिस्त्री
जामताड़ा । मनरेगा योजना नारायणपुर प्रखंड में घपले की योजना साबित हो रही है। ताजा मामला नारायणपुर प्रखंड के नारोडीह और कुर्ता पंचायत का है जब एक वेंडर ने मनरेगा योजना में कुछ ऐसा डाका डाला कि सीधे 35 लाख रुपए का घपला कर लिया। जानकारी के अनुसार विगत 18 अगस्त को नारायणपुर प्रखंड में मनरेगा कार्य हेतु सामग्री मद की राशि आई हुई थी लेकिन उपरोक्त दोनों पंचायतों के एक वेंडर ने कार्य से 35 लाख रुपए की अधिक निकासी कर ली। जब मामला उजागर हुआ तो बीडीओ प्रभाकर मिर्धा ने प्रखंड के 5 कंप्यूटर ऑपरेटर को अगले आदेश तक कार्य मुक्त कर दिया जबकि दोनों पंचायतों के मुखिया और पंचायत सचिव को स्पष्टीकरण की मांग की गई है।
वहीं मामले में बीपीओ विधुत मुर्मू से भी स्पष्टीकरण की मांग की गई है। नारायणपुर प्रखंड में मनरेगा योजना घोटाले की योजना साबित हो रही है जिसका श्रेय वेंडरों की मनमानी को जाता है। लोगों में चर्चा है कि आखिर बिना कागज के वेंडर ने इतनी बड़ी राशि की निकासी किस नियत से की है कहीं न कहीं उसकी मंशा साफ नहीं थी पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच होनी चाहिए। इधर बी डी ओ ने मामले की गंभीरता को समझते हुए 5 सदस्य टीम को प्रतिनियुक्त कर दोनों पंचायतों में संचालित योजनाओं की जांच के आदेश दे दिए हैं।
