निशिकांत मिस्त्री
जामताड़ा । केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा का नाम बदलकर वी बी जी राम जी किए जाने के फैसले के बाद विपक्षी दलों का विरोध लगातार जारी है। इसी कड़ी में आज झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की ओर से समाहरणालय के समक्ष एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया गया। धरना कार्यक्रम जिलाध्यक्ष नरेंद्र मुर्मू की अध्यक्षता में आयोजित किया गया, जिसमें पार्टी के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के फैसले को जनविरोधी बताते हुए जमकर नारेबाजी की और मनरेगा के मूल स्वरूप से छेड़छाड़ नहीं करने की मांग की। इस दौरान झामुमो जिलाध्यक्ष नरेंद्र मुर्मू ने कहा कि मनरेगा गरीबों, मजदूरों और ग्रामीणों की जीवनरेखा है। इसका नाम बदलना मजदूरों के अधिकारों पर चोट है और इससे योजना की मूल भावना को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने केंद्र सरकार से निर्णय वापस लेने की मांग की। वहीं जिला सचिव ने परेश यादव ने केंद्र सरकार से इस बिल को वापस लेने की मांग की और चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इस मौके पर जिला उपाध्यक्ष रविंद्र नाथ दुबे, प्रो कैलाश प्रसाद साव, आनंद टुडू, प्रदीप मंडल, सगीर खान, देविसन हांसदा, साकेत सिंह, बंटू आइजक, मेरी मराण्डी समेत कई प्रमुख नेता और सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे ।
