निशिकांत मिस्त्री
जामताड़ा । देश की आन-बान-शान के प्रतीक तिरंगे को लेकर शुक्रवार को जामताड़ा शहर देशभक्ति के रंग में पूरी तरह रंगा नजर आया। भारतीय सेना के शौर्य, पराक्रम और हाल ही में सफलतापूर्वक संपन्न “ऑपरेशन सिंदूर” को सम्मान देने के उद्देश्य से भाजपा के वरिष्ठ नेता सह पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष वीरेंद्र मंडल के नेतृत्व में एक भव्य तिरंगा यात्रा का आयोजन किया गया।
इस यात्रा में हजारों की संख्या में जिलेवासियों ने भाग लिया। शहर की सड़कों पर उमड़ा यह देशभक्तों का जनसैलाब हाथों में तिरंगा थामे, “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” जैसे नारों से वातावरण को गूंजायमान करता रहा। इस ऐतिहासिक यात्रा की शुरुआत वीर कुंवर सिंह चौक से हुई, जो स्टेशन रोड, मां चंचला चौक, बाजार रोड और सुभाष चौक होते हुए समाज कल्याण समिति कार्यालय प्रांगण में जाकर ऐतिहासिक रूप से सुसम्पन्न हुई।इस तिरंगा यात्रा के दौरान भाजपा नेता वीरेंद्र मंडल ने जामताड़ा शहर स्थित सभी महापुरुषों के आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर नमन किया। समापन स्थल पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए वीरेंद्र मंडल ने कहा भारतीय सेना के सम्मान और ऑपरेशन सिंदूर की सफलता को लेकर पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत आज जामताड़ा शहर में ऐतिहासिक तिरंगा यात्रा का आयोजन किया गया। हजारों की संख्या में जिले के प्रबुद्धजन, माताएं-बहनें और नौजवान साथी इस यात्रा में शामिल हुए, जिससे यह आयोजन अविस्मरणीय बन गया।
उन्होंने बताया कि पहलगाम में हुए आतंकी हमले में निर्दोष भारतीय नागरिकों की जान गई थी, जिसका करारा जवाब भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में चलाए गए इस ऑपरेशन के तहत पाकिस्तान में सक्रिय आतंकी ठिकानों को ध्वस्त कर दिया गया। भारतीय सेना की वीरता और बलिदान के कारण ही हम सभी चैन की नींद सोते हैं और स्वतंत्रता का जीवन जीते हैं। इस तिरंगा यात्रा के माध्यम से हम सेना को अपना सम्मान और आभार प्रकट कर रहे हैं। उन्होंने कहा सभी वर्गों की भागीदारी है, इस आयोजन की सबसे खास बात यह रही कि इसमें महिलाओं, युवाओं, छात्रों और बुजुर्गों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। सभी वर्गों ने अपने-अपने तरीके से देश के प्रति सम्मान और सेना के प्रति विश्वास प्रकट किया। कार्यक्रम का उद्देश्य राष्ट्र के प्रति एकता, जागरूकता और जिम्मेदारी की भावना को जन-जन तक पहुंचाना था। इस भव्य आयोजन ने न सिर्फ जामताड़ा को देशभक्ति के रंग में रंगा, बल्कि यह संदेश भी दिया कि जब बात देश और सेना की हो, तब पूरा भारत एकजुट होता है।
