लालटू मिठारी
बलियापुर । सीएचसी में बुधवार की देर शाम चिकित्सक व स्वास्थ्य कर्मियों के साथ हुई मारपीट व तोड़फोड़ की घटना के बाद बलियापुर सीएचसी गुरुवार को स्वास्थ्य कर्मियों ने ओपीडी में काम नहीं किया। एक सौ से अधिक मरीज लौट गये। जिससे मरीजों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। चिकित्सा प्रभारी डॉक्टर राहुल कुमार के लिखित शिकायत पर बलियापुर थाना में 17 लोगों को नामजद एवं कई अन्य को आरोपी बनाया है। सभी आरोपी बलियापुर नीम टोला के है। घटना के बाद से ही चिकित्सकों व स्वास्थ्य कर्मियों में आक्रोश है। गुरुवार को चिकित्सक व स्वास्थ्य कर्मियों ने बलियापुर सीएचसी में हड़ताल कर दिया। ओपीडी बाधित रही। करीब एक सौ मरीज बिना जांच कराएं लौट गए। इमरजेंसी चालू रहा। समय-सीमा के तहत डॉ अंकिता टुडू, डॉ सुनीता, डॉ डीके दास, डॉ इम्तियाज, डॉ रिंकी कुमारी, डॉ ए आचार्या सीएचसी पहुंचे। ओपीडी में नहीं बैठे।
चिकित्सकों का कहना है कि चौबीस घंटे के अंदर आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती है तो शुक्रवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। इधर देर रात को सिविल सर्जन बलियापुर सीएचसी पहुंचे। वस्तु स्थिति का जायजा लिया। मालूम हो कि बुधवार को मोहर्रम जुलूस निकालने मौके पर पटाखे फोड़े जाने के दौरान एक व्यक्ति घायल हो गया था। जिसे इलाज के लिए सीएचसी लाया गया। इलाज के दौरान करीब एक दर्जन लोग सीएचसी में आ धमके। सेवारत सीएचओ डॉ प्रियंका कुमारी, स्वास्थ्य कर्मी किशोर कुमार, मनोज कुमार एवं अन्य कई कर्मियों के साथ धक्का मुक्की व मारपीट कर उन्हें जख्मी कर दिया। बलियापुर थाना में प्राथमिकी दर्ज होने के बाद बलियापुर पुलिस मामले के नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापामारी शुरू कर दिया है।
