निशिकांत मिस्त्री
जामताड़ा । एनीमिया मुक्त भारत को लेकर स्वास्थ्य विभाग की ओर से सिकल सेल एनीमिया जागरूकता अभियान शुरू किया गया है। यह अभियान पूरे झारखंड में चल रहा है, जिसका उद्देश्य है कि एनीमिया सिकल सेल जैसे अनुवांशिक रोग से ग्रसित लोगों को चिन्हित कर उनका समुचित इलाज उपलब्ध करवाना। सिकल सेल एनीमिया डे पर इस अभियान की शुरुआत सदर अस्पताल जामताड़ा में डीसी कुमुद सहाय, सिविल सर्जन डॉ अभय भूषण प्रसाद ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। सिविल सर्जन ने बताया कि सिकल सेल रोग एक आनुवंशिक रक्त रोग है, जो प्रभावित रोगी के पूरे जीवन को प्रभावित करता है।
यह भारत की जनजातीय आबादी में अधिक है, लेकिन गैर-आदिवासियों में भी यह देखा जा रहा है। यह न केवल एनीमिया का कारण बनता है, बल्कि दर्द, विकास में कमी, फेफड़े, हृदय, गुर्दे, आंख, हड्डियां और मस्तिष्क जैसे कई अंगों को भी प्रभावित करता है। जो एक लाइलाज बीमारी है, और थोड़ी बहुत इलाज की संभावना बोन मैरो ट्रांसफर कर हो सकता है। जो काफी खर्चीला है। इसलिए ऐसे लोगों को जागरूक करना और उनका नियमित काउंसलिंग करना जरूरी है।
वही डीसी कुमुद सहाय ने इस बीमारी को लेकर लोगों को जागरूक रहने की अपील की है। साथ हीं उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के प्रत्येक कर्मियों से अपील किया है कि अधिक से अधिक लोगों के बीच इस चीज का जागरूकता फैलाएं। अधिक से अधिक जांच कर ऐसे रोगियों की पहचान करें ताकि उन्हें जागरुक कर उनकी काउंसलिंग किया जा सके और बचाव के बारे में जानकारी दी जा सके। तभी इस बीमारी से लड़ा जा सकता है।
