निशिकांत मिस्त्री
जामताड़ा । मिहिजाम नगर में स्थित राजकीय उच्च बुनियादी विद्यालय ( बेसिक स्कूल ) में पेयजल की संकट गहरा गया है। चिलचिलाती गर्मी की तपती धूप में यदि छात्र- छात्राओं को प्यास बुझाने के लिए विद्यालय परिसर के बाहर लगभग दो सौ मीटर की दूरी जाकर पानी पीने को विवश हैं। विद्यालय के शिक्षकों को इस बात की जानकारी होते हुवे भी अभी तक चापानल की मरम्मती नही करवाना बहुत बड़ा सवाल खड़ा होता है। समय लगभग ग्यारह बजे कई छात्र छात्रों को देखा जा रहा है कि विद्यालय से थोड़ी दूरी कुर्मिपाड़ा मोड़ के पास बने पानी टंकी की नल से पानी ले रहे हैं तो अनेकों बच्चों को पानी पीते देखा जा सकता है। आसपास के लोग बच्चों को स्कूल के बाहर धूप में आकर पानी पीते देख हैरान हैं।
वहीं बच्चों से पूछे जाने पर की स्कूल से बाहर धूप में निकल कर पानी पीने क्यूँ आते हो जवाब मिलता है चापानल खराब है जिसके कारण बाहर आकर पानी पीना पड़ता है। सरकार इन बच्चों को सभी तरह की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए पैसे पानी की तरह बहा रही है लेकिन इन बच्चों को पीने का पानी नही मिल रहा है। कहीं न कहीं प्रशासन और शिक्षा विभाग की लापरवाही कहें या स्कूल प्रबंधन की अनदेखी के कारण बच्चे धूप में भटकते नजर आ रहे हैं।
