धनबाद । मेरी नतनी सांघवी ठाकुर उर्फ चारु की मौत खुदकुशी नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या है। अपार्टमेंट में रहने वाले कुछ युवकों ने एक बाहरी लड़के के साथ मिलकर सुनियोजित ढंग से सांघवी को छत पर ले जाकर नीचे धकेल दिया….जिससे उसकी मौत हो गई। यह आरोप त्रिनित्यप गार्डन सांघवी मौत मामले में उसके नाना केके ठाकुर ने लगाया है । नाना केके ठाकुर ने बताया कि मेरी नतनी जुडो-कराटे एक्सपर्ट थी। उसे कोई अकेले वश में नहीं कर सकता था। इसलिए अपार्टमेंट में रहने वाले कुछ लोगों ने एक बाहरी लड़के के साथ मिलकर उसे अपने कब्जे में लिया और लिफ्ट से छत पर ले गए। जहां उसे छत के मुंडेर पर बने रेलिंग से नीचे धक्का दे दिया।
जिससे उसकी मौत हो गई। मेरी नतनी का अपार्टमेंट में किसी से कोई मतलब नहीं रहता था। वह बहुत बहादुर बच्ची थी। उसकी मौत से पूरे परिवार को गहरा सदमा पहुंचा है। उन्होंने बताया कि 15 फरवरी की शाम कुछ युवकों की अपार्टमेंट में संदिग्ध गतिविधियां देखी गई थी।
मालूम हो कि 15 फरवरी को शहर के बरवाअड्डा थाना अंतर्गत भेलाटांड़ स्थित बहुमंजिली इमारत त्रिनिटी गार्डन की छत से कार्मेल स्कूल की छात्रा सांघवी ठाकुर की छत से गिरकर मौत हुई थी। जिसका गुरुवार की देर शाम शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में पोस्टमार्टम हुआ। जहां से शव को घर ले जाया गया और देर रात में अंतिम संस्कार सम्पन्न हुआ। मामले में पुलिस संदिग्ध युवकों से पूछताछ में जुटी हुई है। वही कुछ लोगों के मोबाइलों को भी जप्त कर उसके कॉल डिटेल्स को खंगालने में लगी हुई है। मृतक छात्रा शांभवी ठाकुर के पिता एनएचएआई में अधिकारी है।
