अभिषेक मिश्रा
चासनाला । झरिया पाथरडीह मोहन बाजार स्थित दुर्गा मंदिर परिषर में 48 वां वार्षिक महोत्सव रावण दहन कार्यक्रम शांति व सहोहद पुर्ण वातावरण में धूमधाम से सम्पन हुआ । इस दौरान श्री राम लक्ष्मण माता सीता श्री हनुमान जी का भव्य झांकी निकाली गई। कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि धनबाद सांसद ढुल्लू महतो ,धनबाद नगर निगम के मेयर संजीव सिंह, झरिया विधायक रागनी सिंह ,पूर्व सांसद पी एन सिंह, भाजपा नेता योगेन्द्र यादव,आदि ने सयुंक्त रूप से फिता काट कर किया। इस दौरान श्री राम ने वाण मारा और रावण धू धू कर जलने लगा, जय श्री राम जय हनुमान की जयघोष से माहौल गूंज उठा। रावण दहन के कार्यक्रम पर मेला का भी आयोजन किया गया था। जिसमें बच्चे व महिलाओं ने मिना बाजार,झूले का आनद उठाया। रावण दहन कार्यक्रम के दौरान सांसद ढुल्लू महतो ने कहा रावण दहन का बुराई पर अच्छाई एवं असत्य पर सत्य जीत का प्रतीक है जिसे हर वर्ष जलाया जाता है और बुराई को मिटाने का संकल्प लिया जाता है कि अधर्म का नाश हो और धर्म का स्थापना हो।
मेयर संजीव सिंह ने कहा कि पुरा देश व पुरे विश्व में श्री राम भगवान का नाम सर्वोपरि है। हमारे लोकप्रिय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने अयोध्या में श्री राम मंदिर बनवाकर विश्व में धर्म ध्वज फहरा दिया है। उन्होंने कहा कि बुराई पर अच्छाई और असत्य पर सत्य की जीत रावण दहन है। असत्य पर सत्य के लिए हमेशा लड़ने की जरूरत है। उसका विरोध करना ही सत्य होता है। इस दौरान
विधायक रागनी सिंह ने नव निर्मित हाई मास्ट लाइट का उद्घाटन किया। विधायक ने बिजय दसंवी कि बधाई देते हुए कहा कि श्री राम के बताए हुए रास्ते पर चले और अधर्म का विनाश करें ,पुर्व
सांसद पीएन सिंह ने कहा कि रावण का हर वर्ष पुतला दहन विजय दसंवी को करते है। इसी तरह बुराई को समाज से दहन कर स्वच्छ समाज का निर्माण करें।
कार्यक्रम में मौके पर वार्ड पार्षद बीरेंद्र कुमार, वार्ड पार्षद चंदन महतो, वार्ड पार्षद रीना महतो, सिंदरी डीएसपी प्रकाश चंद्र महतों,सुदामडीह थाना प्रभारी आकृष्ट अमन, जोरापोखर, सर्किल इंस्पेक्टर बबलू कुमार, पाथरडीह, गौशाला ओपी पुलिस आदि की सराहनीय योगदान रहा।
कार्यक्रम को सफल बनाने में यंग एसोशिएशन समिति के अध्यक्ष प्रभाष अग्रवाल,रामनाथ सिंह,मनोज विष्वकर्मा,राजेश साव,कैलाश विष्वकर्मा,रमेश अग्रवाल,नरेश पंडित,विष्वनाथ सिंह,राजेश अग्रवाल,अभिषेक पांडेय, उमेश यादव, चंद्र देव मिश्रा,खोनिक राय,के अलावे दर्जनों कि संख्या में सराहनीय योगदान रहा है।
