मुख्यमंत्री के पैतृक गांव नेमरा में थी ड्यूटी
रामावतार स्वर्णकार
इचाक । थाना क्षेत्र के बरका खुर्द गांव निवासी झारखंड पुलिस का जवान और पत्रकार गणेश प्रजापति के बड़े भाई बैजनाथ प्रजापति (उम्र करीब 59 वर्ष) की मौत रामगढ़ के कोठार ओवर ब्रिज के पास अज्ञात वाहन के चपेट में आने से हो गई। घटना शनिवार की संध्या करीब सात बजे की बताई जा रही है। मिली जानकारी के अनुसार एएसआई बैजनाथ प्रजापति की बहाली वर्ष 1999 में हुई थी। वर्तमान में वे चाईबासा जिले के तांतनगर थाने में पोस्टेड थे और फिलहाल मुख्यमंत्री की माता रूपी सोरेन के देहांत के बाद उनके पैतृक गांव नेमरा में ड्यूटी पर तैनात थे। जानकारी के अनुसार वे ड्यूटी के दौरान शाम के करीब सात बजे कोठार ओवर ब्रिज के पास पहुंचे थे। इसी दौरान अज्ञात मोटरसाइकिल के चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय पुलिस और ग्रामीणों की मदद से उन्हें बेहतर इलाज के लिए मेदांता अस्पताल ले जाया गया जहां इलाज के दौरान रविवार को सुबह उनकी मौत हो गई। पुलिस ने पार्थिव शरीर को कब्जे में लेकर रिम्स में पोस्टमार्टम कराया। जिसके बाद पार्थिव शरीर को रांची पुलिस लाइन में पूरे सम्मान के साथ गॉड ऑफ ऑनर देकर परिजनों को सौंप दिया। इधर बैजनाथ प्रजापति की मौत की खबर मिलते ही से उनके पैतृक गांव बरका खुर्द में मातम पसर गया। बुजुर्ग मां कौशल्या देवी, पत्नी डोमिनी देवी, भाई गणेश प्रजापति, बीरेंद्र कुमार, बड़ी बहन सुमित्रा देवी, धर्मेंद्र कुमार, बेटी रूपा और लता समेत परिजनों का रो रोकर बुरा हाल है। बैजनाथ प्रजापति तीन भाइयों में सबसे बड़े थे। वे अपने पीछे दो बेटी और एक बेटे समेत भरा पूरा परिवार छोड़ गए। पुलिस विभाग में वे अपने ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा के लिए जाने जाते थे। बैजनाथ प्रजापति का पार्थिव शरीर देर शाम को पैतृक गांव बरका खुर्द लाया गया। पार्थिव शरीर के गांव पहुंचते ही माहौल गमगीन हो गया। परिजनों के चीत्कार से पूरा गांव दहल गया। घटना की खबर सुनकर जिप सदस्य रेणु देवी, मुखिया सीता कुमारी, जदयू नेता अर्जुन मेहता, युवा नेता गौतम कुमार समेत कई गणमान्य लोग मृतक के घर पहुंचे और शोक संतप्त परिवार का ढाढ़स बंधाया। उनका अंतिम संस्कार गांव के ही मुक्ति धाम में किया गया। मुखाग्नि पुत्र मंटू कुमार ने दिया। शव यात्रा में पूर्व मुखिया इन्द्रदेव मेहता, निवर्तमान सांसद प्रतिनिधि ओम प्रकाश मेहता, अशोक मेहता, चंद्रकांत मेहता, किशोरी महतो समेत कई ग्रामीण शामिल हुए।
