कुमार अजय
कतरास। आज राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सेवा विभाग द्वारा तेतुलमारी स्थित कुष्ठ प्रशिक्षण केंद्र एवं विनोद बिहारी महतो जेनरल अस्पताल में मरीजों एंव वहां के स्थानीय बच्चों के बीच तिलकुट चूडा एंव गुड का वितरण कर समरसता का पर्व मकर संक्रांति उत्सव मनाया गया एवं वहां के मरीजों से बातचीत कर उनके सुख-दुख को साझा किया गया ! उक्त मौके पर विशेष रूप से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के धनबाद महानगर कार्यवाह पंकज सिंह ने कहा कि सेवा परमो धर्म : “मानवता की सेवा सर्वोच्च धर्म है”। इसे संपूर्ण मानवता के लिए सर्वोच्च मानवीय मूल्यों में से एक माना जाता है।
लोग आमतौर पर अपना जीवन अपने लिए जीते हैं।
लोग यहां जन्म लेते हैं, बड़े होते हैं, शादी करते हैं, अगली पीढ़ी के लिए तैयारी करते हैं और अंत में एक दिन मर जाते हैं। जीवन की ये सभी प्रक्रियाएं मनुष्य के स्वयं के इर्द-गिर्द केंद्रित हो जाती हैं। इस संसार के सभी प्राणियों की कहानी उनकी मूल प्रवृत्ति के कारण स्वार्थपूर्ण है। जानवर जन्म देने, प्रजनन करने और मरने के लिए अपनी मूल प्रवृत्ति से भरे होते हैं। मनुष्य को ज्ञान, मूल्यों और दूसरों के लिए बलिदान से परिपूर्ण सर्वोच्च प्राणियों में से एक माना जाता है। ये कुछ महान गुण हैं जो मनुष्य को जानवरों से अलग करते हैं। हमें भी समाज के पीड़ित तथा शोषित लोगों की सेवा करनी चाहिए एवं अपना पर्व त्यौहार उनके बीच मनाना चाहिए ताकि उन्हें कभी महसूस ना हो कि हम समाज से अलग-थलग कटे हुए हैं ।
क्योंकि अस्पतालों में महीनों से मरीज परे होते हैं उनको पूछने वाले कम लोग मिलते हैं और जब हम कुष्ठ अस्पतालों की बात करते हैं तो वहां के मरीज महीनों से नहीं बल्कि वर्षों से वहां रहते हैं और उनके सगे संबंधित परिवार वाले उन्हें छोड़ चुके होते है इसलिए ऐसे लोगों से बीच-बीच में मिलजुल कर उनका हाल-चाल एवं सुख- दु:ख जरूर साझा करना चाहिए यही ईश्वर की सच्ची पूजा है ! मौके पर समाजसेवी अनिल वर्णवाल, नगरी कला बस्ती प्रमुख हिमांशु चंद्रवंशी, संघ नगर कार्यवाह चंदन गुप्ता, अकाश रवानी, मोहित दास , प्रणव कुमार सिंह, संघ विस्तारक दिलीप जी आदि विशेष रूप से उपस्थित थे।
