निशिकांत मिस्त्री
जामताड़ा । जिले के मेंझीया पंचायत अंतर्गत बिरगांव स्थित निर्माणाधीन वीरबिंदिया पुल पर कार्य के दौरान एक मजदूर ऊंचाई से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे में उसके दोनों पैर टूट गए हैं। घायल मजदूर की पहचान मोहम्मद तारिकूल के रूप में हुई है, जिनका इलाज जामताड़ा के पारस अस्पताल में चल रहा है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पुल निर्माण कार्य के दौरान मजदूर ऊंचाई पर काम कर रहे थे। इसी बीच अचानक प्लेट खिसक जाने से मोहम्मद तारिकूल नीचे गिर पड़े, जिससे वे गंभीर रूप से जख्मी हो गए। घटना के बाद निर्माण स्थल पर अफरा-तफरी मच गई। दहशत में कई मजदूरों ने काम बंद कर घर लौटना ही उचित समझा।
बताया जाता है कि घायल मजदूर बिहार के कटिहार जिले का निवासी है और रोजी-रोटी के लिए यहां कार्य कर रहा था। उसके साथ काम कर रहे 17 वर्षीय दिलकश ने आरोप लगाया कि मजदूरों को न तो हेलमेट दिया गया था और न ही सेफ्टी बेल्ट। बिना सुरक्षा उपकरणों के ही ऊंचाई पर काम कराया जा रहा था, जिससे हादसे की आशंका लगातार बनी रहती है।
गौरतलब है कि वर्ष 2024 में तत्कालीन मुख्यमंत्री चंपई सोरेन द्वारा बढ़ाकर नदी पर वीरबिंदिया पुल का शिलान्यास किया गया था। लगभग 263 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा यह पुल वर्तमान मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की महत्वाकांक्षी योजनाओं में शामिल है।
उल्लेखनीय है कि बिरबंदिया क्षेत्र में पूर्व में हुए नाव हादसे में 14 लोगों की मौत के बाद इस पुल निर्माण की मांग तेज हुई थी। स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि पहले भी निर्माण कार्य में सुरक्षा मानकों की अनदेखी की शिकायत की गई थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। ताजा घटना के बाद एक बार फिर निर्माण स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था और मजदूरों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
प्रशासन की ओर से अब तक इस मामले में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
