विधायक चंद्रदेव महतो ने किया स्थल निरीक्षण, डीसी से वार्ता कर ओबी की मापी कराने का दिया आश्वासन
जोरापोखर। डिगवाडीह बंद काटाघर से भूलन बरारी, लक्ष्मी कॉलोनी, बरारी छह नंबर, पारबाद बस्ती, परसबनिया जाने वाली मुख्य सड़क को सुशी आउटसोर्सिंग की एटी देवप्रभा परियोजना प्रबंधन द्वारा ओबी गिराकर बंद किए जाने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है।
सड़क बंद होने के विरोध में ग्रामीणों ने नुनूडीह लाल मैदान में सभा कर प्रबंधन के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का ऐलान किया। सभा का नेतृत्व बीसीकेयू नेता सबुर गोराई ने किया, जिसमें बड़ी संख्या में महिला-पुरुष शामिल हुए और बंद सड़क को तत्काल खोलने की मांग की।
इससे पूर्व मंगलवार सुबह सिंदरी विधायक चंद्रदेव महतो उर्फ बबलू महतो घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। ग्रामीणों ने विधायक से कहा कि यह मार्ग कई बस्तियों के लोगों के आवागमन का प्रमुख साधन है। इसी रास्ते से बच्चे स्कूल जाते हैं। सड़क बंद होने से आम लोगों और विद्यार्थियों को भारी परेशानी हो रही है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि एटी देवप्रभा प्रबंधन स्थानीय लोगों को डराने-धमकाने और झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी देता है, वहीं प्रशासन भी प्रबंधन का पक्ष ले रहा है। धूलकण प्रदूषण से लोगों का जीना मुहाल हो गया है।
विधायक चंद्रदेव महतो ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि आउटसोर्सिंग प्रबंधन से डरने की जरूरत नहीं है। स्थानीय लोगों की आवाज को किसी भी कीमत पर दबने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि सड़क बंद करने और ओबी डंपिंग के मामले को विधानसभा में उठाया जाएगा और धनबाद डीसी से वार्ता कर ओबी डंपिंग की मापी कराई जाएगी।
बीसीकेयू नेता सबुर गोराई ने कहा कि सांसद निधि से करोड़ों रुपये खर्च कर इस सड़क का निर्माण कराया गया है। इसके बावजूद ओबी गिराकर बंद कर देना गंभीर मामला है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सड़क जल्द नहीं खोली की गई तो स्थानीय लोग एकजुट होकर परियोजना के खिलाफ चक्का जाम आंदोलन करेंगे।
सभा में पूर्व पार्षद बिरेन गोराई, दिनेश कुमार, कुमार दिनकर, सुरेश चक्रवर्ती, सलीम आजाद, ईश्वर गोराई, बिजली देवी, मुन्नी देवी, ज्योत्सना देवी, सरिता देवी, सोमनाथ गोराई, जाहिद क्रांति, अशोक कुम्हार, कुंदन पासवान, चंदा देवी, ललित हाड़ी सहित कई ग्रामीण उपस्थित थे।
