धनबाद । धनबाद कोर्ट परिसर में अधिवक्ता संतोष सिंह के साथ मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। घटना को लेकर अधिवक्ता ने मीडिया के सामने अपनी बात रखते हुए आरोप लगाया कि एक व्यक्ति को सरेंडर कराने के लिए कोर्ट लाया गया था, जिसे रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) से जुड़ा बताया जा रहा है। इसी दौरान RPF के लोगों ने उनके चैंबर में घुसकर विरोध किया और विवाद शुरू हो गया।
अधिवक्ता संतोष सिंह के आरोप के मुताबिक विवाद के दौरान उनके साथ मारपीट की गई, गला दबाने की कोशिश की गई और उनका चश्मा भी तोड़ दिया गया। उन्होंने बताया कि स्थिति काफी तनावपूर्ण हो गई थी और वहां मौजूद अन्य लोगों को बाहर निकलने में भी मशक्कत करनी पड़ी। घटना के दौरान एक व्यक्ति को पकड़कर एसएसपी और धनबाद थाना के मनोज पांडे को सौंपे जाने की बात भी कही गई है।
इस घटना के बाद अधिवक्ता ने नाराजगी जताते हुए इसे न्याय व्यवस्था पर हमला बताया और मामले में शामिल लोगों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की। कोर्ट परिसर में इस तरह की घटना को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, घटना के संबंध में फिलहाल अधिवक्ता की ओर से लगाए गए आरोप ही सामने आए हैं।
मामले में पुलिस की जांच और संबंधित पक्षों का आधिकारिक बयान सामने आने के बाद ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। अब देखना होगा कि पुलिस शिकायत के आधार पर क्या कार्रवाई करती है और घटना में शामिल लोगों की भूमिका की जांच किस तरह आगे बढ़ती है।
